वाड्रफनगर: छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में हाथियों की आवाजाही से ग्रामीणों की परेशानी लगातार बढ़ रही है। वाड्रफनगर वन परिक्षेत्र के कोटशाही गांव में जंगली हाथी के पहुंचने से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। हाथी ने खेतों में लगी धान की फसल को नुकसान पहुंचाया है, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
मिली जानकारी के अनुसार, गांव में हाथी की मौजूदगी की सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची है। वन अमला हाथी की गतिविधियों पर नजर रख रहा है और ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए समझाइश दी जा रही है।
वन विभाग की ओर से ग्रामीणों को सलाह दी गई है कि हाथी के करीब न जाएं, उसे भगाने या घेरने की कोशिश न करें और रात के समय अकेले खेतों या जंगल की ओर जाने से बचें। हाथी दिखाई देने पर तत्काल वन विभाग को सूचना दें।
गौरतलब है कि वाड्रफनगर वन परिक्षेत्र में पहले भी हाथियों की आवाजाही के कारण फसलों और ग्रामीणों की संपत्ति को नुकसान पहुंचने की घटनाएं सामने आ चुकी हैं।
नोट: सर, मैंने उपलब्ध ऑनलाइन स्रोतों में जांच की, लेकिन कोटशाही गांव की इस ताजा घटना की स्वतंत्र पुष्टि करने वाली खबर नहीं मिली। इसलिए नुकसान की मात्रा, हाथी की संख्या और वन विभाग की कार्रवाई से जुड़ी अपुष्ट जानकारी नहीं जोड़ी है।

