बेमेतरा। जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र में एक महिला द्वारा घर के अंदर फांसी लगाने का मामला सामने आया है। गनीमत रही कि कथित तौर पर फांसी के लिए इस्तेमाल की गई रस्सी कमजोर पड़ गई, जिससे महिला की सांसें चलती रहीं और समय रहते उसे अस्पताल पहुंचाया जा सका। उपचार के बाद महिला की हालत फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है।
घटना के बाद महिला के परिजनों ने पुलिस की कार्यप्रणाली को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। परिवार का दावा है कि महिला के फांसी लगाने की जानकारी मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन महिला के जीवित होने के बावजूद उसे मृत समझकर पंचनामा की कार्रवाई शुरू कर दी गई।
परिजनों का आरोप है कि इसी दौरान जब महिला के शरीर में हलचल और सांस चलने का पता चला, तब आनन-फानन में उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया। इलाज मिलने के बाद उसकी स्थिति में सुधार हुआ और अब उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
हालांकि, परिजनों की ओर से पुलिस पर लगाए गए आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। यह भी स्पष्ट होना शेष है कि मौके पर पहुंचने के बाद पुलिस ने वास्तव में क्या कार्रवाई की और महिला को अस्पताल पहुंचाने में कितना समय लगा।
घटना कोतवाली थाना क्षेत्र की बताई जा रही है। महिला ने फांसी लगाने जैसा कदम क्यों उठाया, इसके कारणों की जानकारी अभी सामने नहीं आई है। मामले में पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया आने के बाद स्थिति और स्पष्ट हो सक

