तिल्दा नेवरा -तिल्दा के मिशन वार्ड में चल रही शिव महापुराण की कथा का रसपान करने बड़ी संख्या में स्रोता पहुंच रहे है ,कथा के तीसरे दिन कथा वाचक युगल किशोर तिवारी ने ब्रह्मा और विष्णु के बीच श्रेष्ठ को लेकर युद्ध का प्रसंग सुनाया। महाराज जी ने कहा शिव महापुराण में वर्णित कथा के अनुसार एक बार भगवान ब्रह्मा और भगवान विष्णु के बीच श्रेष्ठ को लेकर आपस में विवाद उत्पन्न हो गया और दोनों देवता स्वयं को श्रेष्ठ बताकर एक दूसरे का अपमान करने लगे…. इन दोनों देवता के बीच विवाद बढ़ता गया तब दोनों अपने-अपने दिव्यास्त्र लेकर आपस में युद्ध करने के लिए तैयार हो गए,,, अगर दोनों देवताओं के दिव्यास्त्र चलते तो संपूर्ण जगत पर प्रलय आ जाती.. इसलिए संसार की रक्षा के लिए और इन दोनों के विवाद को रोकने के लिए भगवान शिव को माया रचनी पड़ी, इसके लिए अचानक से ही दोनों देवताओं के बीच में अग्नि की ज्वालाओं से लिपटा हुआ लिंग आकार स्थापित हो गया ..इससे दोनों देवताओं के दिव्यास्त्र स्वयं ही शांत हो गए। तब दोनों देवता वहां गूंज रहे ओम के स्वर की आराधना करने लगे….

महाराज जी ने कहा कि श्रेष्ठ के लिए कभी भी आपस में नहीं लड़ना चाहिए, जहां भी श्रेष्ठ के लिए लड़ाई हुई है वहां बड़ा नुकसान हुआ है। अगर भोलेनाथ इस लड़ाई को नहीं रोकते तो जगत में प्रलय आ जाती। इसीलिए ही भगवान भोलेनाथ को सारे जगत में ऊंचा स्थान दिया गया है। कथा में महाराज जी ने कई और प्रसंग सुनाए।

कथा के बीच महाराज जी के भजनों पर श्रद्धालु नाचते नजर आए। शिव परिवार महिला मित्र मंडली एवं नगर वासियों के सहयोग से आयोजित संगीत में शिव महापुराण कथा 26 फरवरी तक चलेगी। रविवार को कथावाचक युगल किशोर तिवारी कोटी रूद्र संहिता 12 ज्योतिर्लिंग कथा का श्रद्धालुओं को रसपान कराएंगे। कथा का श्रवण करने बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं,