माताओं और बहनों को आर्थिक रुप से सशक्त करने और उनकी आत्मनिर्भर बनाने के लिए चलाई जा रही, महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त कल जारी की जाएगी. केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह कल राज्योत्सव के समापन कार्यक्रम में शामिल होंगे. समापन कार्यक्रम के मंच से ही योजना की 33वीं किस्त जारी की जाएगी. दीपावली से पहले महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त जारी होने से महिलाओं को आर्थिक रुप से बड़ी मदद मिलेगी.छत्तीसगढ़ राज्योत्सव समारोह के मुख्य मंच से भारत सरकार के गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह महिलाओं के खाते में डिजिटली राशि ट्रांसफर करेंगे. इस दौरान प्रदेश की 67 लाख 40 हजार 410 पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के माध्यम से कुल 632 करोड़ 63 लाख 67 हजार 750 रुपये की राशि सीधे अंतरित की जाएगी. त्योहार से पहले खाते में राशि आने से महिलाओं और उनके परिवारों में भारी उत्साह और उमंग का माहौल है.
महतारी वंदन योजना की किस्त आज होगी जारी, दीपावली से पहले बहनों को सौगात
जयपुर: राजस्थान के झुंझुनूं के उदयपुरवाटी के छापोली गांव में सड़क बना रहे 8 मजदूरों की करंट लगने से मौत हो गई। साथ ही 3 मजदूर गंभीर रूप से झुलस झुलस गए। थानाधिकारी रामपाल ने बताया कि बजरी मिलाने के काम में आने वाली एक मशीन ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन के संपर्क में आ गई। इससे उसमें करंट दौड़ गया। वहीं इस घटना पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने हादसे पर शोक जताते हुए अधिकारियों को घायलों के उचित इलाज और प्रभावित परिवारों को तत्काल हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने तथा घटना की जांच के निर्देश दिए हैं।
राजस्थान के झुंझुनूं में करंट से 8 मजदूरों की मौत, सीएम ने जताया दुख
पंडरीपानी। पंडरीपानी मार्ग पर तेज रफ्तार कार का कहर देखने को मिला। यहां कार ने स्कूटी और बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना भीषण था कि दुर्घटना में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई।घटना के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया। हादसे के बाद घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू की।प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, यह हादसा कोतवाली थाना क्षेत्र का है। पुलिस फरार कार चालक की तलाश में जुटी है। फिलहाल मृतक की पहचान और दुर्घटना के विस्तृत कारणों की जानकारी सामने आना बाकी है।
पंडरीपानी मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, कार की टक्कर से एक की मौत
छत्तीसगढ़ में अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे पटवारियों को लेकर अब सरकार की ओर से अपील सामने आई है। उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने पटवारियों से हड़ताल समाप्त कर काम पर लौटने की अपील की है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में आंदोलन करना कर्मचारियों का अधिकार है, लेकिन उनकी पहली जिम्मेदारी जनता की सेवा करना भी है। सरकार पटवारियों की मांगों पर विचार करेगी।गौरतलब है कि प्रदेश के पटवारी 13 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर हैं। पटवारियों की प्रमुख मांगों में पीवी ऐप की तकनीकी समस्याओं का समाधान, वेतन विसंगति दूर करना, पदोन्नति और आंदोलन के दौरान की गई दंडात्मक कार्रवाई वापस लेना शामिल है।पटवारियों की हड़ताल का असर अब आम जनता और किसानों पर भी दिखाई देने लगा है। नामांतरण, सीमांकन, बंटवारा, आय-जाति-निवास प्रमाण पत्र सहित राजस्व संबंधी कार्य प्रभावित हैं। वहीं 15 नवंबर से प्रस्तावित धान खरीदी की तैयारियों में भी बाधा आ रही है।इधर प्रशासन ने भी सख्त रुख अपनाते हुए पटवारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष भागवत कश्यप को निलंबित किया है। बिलासपुर और सरगुजा संभाग में सैकड़ों पटवारियों को काम पर लौटने के नोटिस जारी किए गए हैं।
पटवारियों की हड़ताल खत्म कराने सरकार की पहल
छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले में पंडरिया की भाजपा विधायक भावना बोहरा ने कहा, “आज 61 लोगों ने अपने मूल धर्म में वापसी की है। इससे हमारे ‘घर वापसी’ अभियान में एक नया अध्याय जुड़ गया है। इससे पहले करीब 500 लोग अपने मूल धर्म में लौट चुके हैं।अब विभिन्न समुदायों के प्रतिनिधि भी इस अभियान से जुड़ गए हैं। अपने-अपने समुदायों में धर्मांतरण की घटनाओं को देखने के बाद उन्होंने पहल करते हुए प्रभावित परिवारों के घर-घर जाकर उनसे संपर्क किया और जागरूकता फैलाने का काम किया।यह अभियान किसी राजनीतिक हित से प्रेरित नहीं है। इसका उद्देश्य हमारी संस्कृति और परंपराओं की रक्षा करना है और यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। मुझे खुशी है कि विभिन्न समुदायों के प्रतिनिधि इस अभियान से जुड़े हैं। अब हम इस अभियान को दोगुनी गति से आगे बढ़ाएंगे।
छत्तीसगढ़ में घर वापसी अभियान: 61 लोगों ने अपनाया मूल धर्म

