पुणे। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) के संस्थापक और पूर्व केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार को सीने में दर्द की शिकायत के बाद पुणे के रूबी हॉल क्लिनिक में भर्ती कराया गया है। उन्हें प्लूराइटिस (Pleuritis) की शिकायत के चलते जनरल हेल्थ चेकअप और मेडिकल ऑब्जर्वेशन में रखा गया है। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार फिलहाल उनकी स्थिति पर चिकित्सकों की नजर बनी हुई है और एहतियात के तौर पर उन्हें निगरानी में रखा जाएगा।
रूबी हॉल क्लिनिक के चेयरमैन, मुख्य कार्डियोलॉजिस्ट एवं मैनेजिंग ट्रस्टी डॉ. परवेज के. ग्रांट ने आधिकारिक बयान जारी कर इसकी जानकारी दी। डॉक्टरों के मुताबिक शरद पवार को आवश्यक चिकित्सकीय देखरेख दी जा रही है।
प्लूराइटिस को मेडिकल भाषा में प्ल्यूरिसी (Pleurisy) भी कहा जाता है। यह फेफड़ों को ढंकने वाली पतली झिल्ली में सूजन होने की स्थिति है। इस समस्या में मरीज को सीने में तेज, चुभने वाला दर्द महसूस हो सकता है। खास बात यह है कि सांस लेने, खांसने, छींकने और हंसने के दौरान यह दर्द बढ़ सकता है।
दरअसल, फेफड़ों और छाती की अंदरूनी दीवार के बीच प्ल्यूरा नाम की दो पतली परतें होती हैं। इनके बीच थोड़ी मात्रा में तरल पदार्थ मौजूद रहता है, जो सांस लेने के दौरान दोनों परतों को आसानी से फिसलने में मदद करता है। लेकिन जब इन परतों में सूजन आ जाती है, तो सांस लेने के दौरान आपस में रगड़ पैदा होती है, जिससे सीने में दर्द महसूस होता है।
प्लूराइटिस अपने आप में हमेशा गंभीर बीमारी नहीं होती। कई मामलों में संक्रमण का इलाज होने पर यह ठीक हो जाती है। हालांकि इसकी गंभीरता इस बात पर निर्भर करती है कि सूजन किस कारण से हुई है।
यदि सीने में अचानक तेज दर्द, सांस लेने में परेशानी, खून वाली खांसी या बेहोशी जैसे लक्षण दिखाई दें तो तत्काल चिकित्सकीय सहायता लेनी चाहिए। समय पर जांच और सही उपचार बेहद जरूरी है।
फिलहाल शरद पवार को चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है। उनके स्वास्थ्य को लेकर आगे अस्पताल की ओर से जारी होने वाली जानकारी पर सबकी नजर रहेगी।

