इंदर कोटवानी
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले के कसडोल थाना क्षेत्र अंतर्गत खरवे गांव में पिछले कुछ महीनों के दौरान हुई 8 संदिग्ध मौतों ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। ग्रामीणों ने गांव के एक व्यक्ति पर शराब में जहरीला पदार्थ मिलाकर लोगों को पिलाने का आरोप लगाया है। वहीं गांव में यह चर्चा भी जोरों पर है कि कथित रूप से जमीन में गड़े खजाने की तलाश में लोगों की बलि दी गई, हालांकि इस दावे की अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए शनिवार को पुलिस और प्रशासन की टीम गांव पहुंची। अधिकारियों की मौजूदगी में मृतक मेहतरू साहू की कब्र खोदकर शव बाहर निकाला गया और आवश्यक नमूने लेकर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजे गए। जांच रिपोर्ट के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।

ग्रामीणों के अनुसार फरवरी 2026 से 14 मई 2026 के बीच गांव में एक-एक कर 8 लोगों की मौत हुई है। मृतकों में बद्री पटेल, बुटालु साहू, छत्तूराम साहू, बुदलू जायसवाल, विनोद साहू, गजानन मांझी, चैतु साहू और मेहतरू साहू शामिल हैं। अधिकांश मृतकों की उम्र 40 से 50 वर्ष के बीच बताई जा रही है।
ग्रामीणों का आरोप है कि सभी मृतकों ने आरोपी बताए जा रहे व्यक्ति के साथ शराब का सेवन किया था, जिसके बाद उनकी तबीयत बिगड़ी और बाद में मौत हो गई। एक अन्य ग्रामीण की हालत भी शराब पीने के बाद खराब हुई थी, जिसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। उपचार के बाद उसकी जान बच गई।
घटना के विरोध में बड़ी संख्या में ग्रामीण कसडोल थाना पहुंचे और लिखित शिकायत देकर मामले की निष्पक्ष जांच तथा दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग की। गांव में फैली अफवाहों और आशंकाओं के बीच पुलिस ने लोगों से संयम बरतने और जांच पूरी होने तक किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचने की अपील की है।
एसडीओपी कौशल किशोर वासनिक ने बताया कि पुलिस मामले के हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है। पोस्टमॉर्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही मौतों के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी। फिलहाल पुलिस ग्रामीणों के बयान दर्ज कर तथ्यों को जुटाने में लगी हुई है।
अब पूरे जिले की नजर इस मामले की जांच रिपोर्ट पर टिकी है, क्योंकि रिपोर्ट ही यह तय करेगी कि इन मौतों के पीछे जहरीली शराब, कोई साजिश या फिर कोई अन्य कारण जिम्मेदार था

