सरगुजा-छत्तीसगढ़ के सरगुजा में उपसरपंच के पति पर अश्लील वीडियो दिखाकर 14 साल की नाबालिग आदिवासी छात्रा से रेप करने का आरोप है। यह भी आरोप है कि उसने किसी को इस बारे बताने पर जान से मारने की धमकी दी और रिश्तेदारों को पैसों का लालच देकर थाने में शिकायत करने से भी रोका।
इस मामले में बुधवार शाम को करीब 100 ग्रामीणों के साथ रिश्तेदार थाने पहुंचे और आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। मामले में पुलिस ने केस दर्ज कर आरोपी को हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ कर रही है। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है।
जानकारी के अनुसार कोतवाली थाना क्षेत्र के एक गांव की 7वीं में पढ़ने वाली छात्रा सुबह-शाम उपसरपंच के घर काम करती थी और खाना भी बनाती थी। दिन में वह स्कूल जाती थी। बताया जा रहा है कि उपसरपंच ने छात्रा के रिश्तेदारों से उसकी शादी का पूरा खर्च उठाने का वादा भी किया था।
वहीं, नाबालिग छात्रा का आरोप है कि वह 20 जुलाई को उपसरपंच के घर शाम को काम करने गई थी। उसने बताया कि वह किचन में खाना बना रही थी, उसी दौरान उपसरपंच के पति तरुण जायसवाल ने पीछे से उसे पकड़ा और कमरे में ले गया।
पीड़िता का कहना है कि तरुण जायसवाल ने उसे मोबाइल में अश्लील वीडियो दिखाया और कहा कि तुम्हारे साथ ऐसा ही करना है। उसने नाबालिग के कपड़े उतारे और रेप किया। पीड़िता ने शोर मचाने की कोशिश की तो मुंह में कपड़ा ठूंस दिया।
नाबालिग जब रात 10 बजे तक घर नहीं लौटी तो उसकी बड़ी बहन उसे बुलाने उपसरपंच के घर पहुंची। उसे बाहर से ही यह कहकर लौटा दिया कि खाना नहीं बना है। दूसरी बार 11 बजे बड़ी बहन उसे लेने पहुंची तो नाबालिग उसके साथ घर लौटी।
इसके बाद नाबालिग ने रोते हुए अपनी मां को आपबीती बताई। वारदात के दौरान तरुण जायसवाल घर पर अकेला था।
रिश्तेदारों ने बताया कि 21 जुलाई को तरुण जायसवाल ने कुछ लोगों को घर भेजकर पैसों का ऑफर दिया। आरोप है कि रिश्तेदारों को धमकी भी दी गई है और वे रिपोर्ट कराने न जा पाएं, इसके लिए निगरानी भी लगाई।
वहीं, नाबालिग के पिता ने पैसे लेने से इनकार कर दिया और समाज के लोगों से सारी बातें रखी। साथ ही मदद की गुहार लगाई। इसके बाद 22 जुलाई को करीब 100 लोग कोतवाली थाने पहुंचे और आरोपी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
देर शाम तक ग्रामीण थाने में डटे रहे। इसके बाद कोतवाली पुलिस ने पीड़िता के पिता की शिकायत पर आरोपी तरुण जायसवाल के खिलाफ बीएनएस की धारा 65(1) और पॉक्सो एक्ट की धारा 4,6 के तहत केस दर्ज किया।
इसके बाद नाबालिग को जांच के लिए मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेजा। रात करीब 10 बजे उसका मेडिकल टेस्ट किया गया। कुछ अन्य जरूरी जांच के लिए उसे गुरुवार को फिर बुलाया गया है। देर रात रिश्तेदार नाबालिग को लेकर घर लौट गए।
वहीं, घटना के बाद आरोपी गांव से फरार हो गया, जिसे पुलिस ने अंबिकापुर के चोपड़ापारा इलाके से हिरासत में ले लिया है। मामले में एसपी राजेश अग्रवाल का कहना है कि पीड़िता के पिता की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपी को हिरासत में लेकर कार्रवाई की जा रही है।

