अग्रवाल महिला सम्मेलन की तीजा मिलन में दिखी नारी शक्ति, संस्कृति और मनोरंजन की शानदार झलक
तिल्दा-नेवरा -अखिल भारतीय अग्रवाल महिला सम्मेलन, तिल्दा-नेवरा इकाई द्वारा सुहाग और सौभाग्य के पावन प्रतीक तीजा उत्सव का भव्य आयोजन तिल्दा-बनसकरा स्थित ड्राइव इन में हर्षोल्लास के साथ किया गया। कार्यक्रम में अग्रवाल समाज की महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए तीजा पर्व को गीत-संगीत, मनोरंजन और आपसी सौहार्द के रंगों से यादगार बना दिया।सावन तीज और झूले का विशेष संबंध है। इसे ध्यान में रखते हुए कार्यक्रम स्थल पर आकर्षक साज-सज्जा के साथ सुंदर झूला लगाया गया। वहीं महिलाओं के लिए विशेष सेल्फी कॉर्नर भी तैयार किया गया, जहां सुहागिन महिलाओं ने सोलह श्रृंगार में खूबसूरत पलों को कैमरे में कैद किया। मान्यता है कि तीज पर्व पर सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि की कामना करती हैं।

कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के आत्मीय स्वागत के साथ हुई। इसके बाद हाउजी, मनोरंजक गेम्स, डांस प्रतियोगिता, आकर्षक स्टॉल और स्वादिष्ट व्यंजनों ने आयोजन में चार चांद लगा दिए। महिलाओं ने पूरे उत्साह के साथ विभिन्न प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया।
‘जोड़ी बनाओ’ प्रतियोगिता बनी आकर्षण का केंद्र
कार्यक्रम में आयोजित ‘सबसे आकर्षक जोड़ी बनाओ’ प्रतियोगिता ने जमकर तालियां बटोरीं। प्रतियोगिता में महिलाओं की पीठ पर फिल्मी कलाकारों और प्रसिद्ध जोड़ियों के नाम वाले स्टिकर लगाए गए थे। किसी की पीठ पर राधा, तो किसी की पीठ पर श्रीकृष्ण, कहीं हीर-रांझा, तो कहीं अजय देवगन-काजोल के नाम लिखे थे।
दिलचस्प बात यह रही कि प्रतिभागियों को अपनी पीठ पर लिखा नाम पता नहीं था। उन्हें बिना नाम बताए अपने साथी को हाव-भाव, अभिनय और नृत्य के जरिए पहचानना था। राधा को कृष्ण ढूंढने के लिए जहां भाव-भंगिमाओं का सहारा लेना पड़ा, वहीं फिल्मी जोड़ियों ने भी अपने अभिनय से एक-दूसरे को पहचानने की कोशिश की।
जो प्रतिभागी सबसे पहले अपनी सही जोड़ी बनाने में सफल हुए, उन्होंने रेम्प वॉक करते हुए मंच पर अपनी प्रस्तुति दी। इसके बाद विजेता जोड़ी का चयन किया गया। इस दौरान महिलाओं की हंसी, तालियों और उत्साह से पूरा आयोजन स्थल गूंज उठा।
तीजा उत्सव में गीत-संगीत, नृत्य, हंसी-खुशी और विभिन्न प्रतियोगिताओं ने माहौल को बेहद खुशनुमा बना दिया। पूरे आयोजन में नारी शक्ति, प्रेम, सौहार्द और भारतीय संस्कृति की सुंदर झलक देखने को मिली।
आयोजक बहनों ने कहा कि ऐसे आयोजन महिलाओं को एक-दूसरे से जुड़ने, अपनी संस्कृति और परंपराओं को जीवंत रखने तथा खुशियों के पल साझा करने का अवसर देते हैं। सफल आयोजन के लिए सभी आयोजक बहनों एवं सहभागी महिलाओं को बधाई और शुभकामनाएं दी गईं।

