Saturday, February 28, 2026
Homeछत्तीसगढ़अल्दा में प्रस्तवित स्टील प्लांट का विरोध कर रहे ग्रामीणों को झूठे...

अल्दा में प्रस्तवित स्टील प्लांट का विरोध कर रहे ग्रामीणों को झूठे मामलो में फसाने का कुचक्र…

तिल्दा नेवरा—तिल्दा के अल्दा गांव में मेजर्स बालाजी स्पंज प्राइवेट लिमिटेड के द्वारा प्रस्तावित स्टील उद्योग लगाए जाने के लिए विगत 25 अप्रैल को गांव में आयोजित की गई जन सुनवाई का एक तरफा विरोध होने के बाद अब ग्रामीणों को दबाने की राजनीति शुरू हो गई है.. ग्रामीणों का आरोप है कि पुलिस के द्वारा झूठे मुकदमे दर्ज कर ग्रामीणों को फसाने का कुचक्र रचा जा रहा है,..।

पुलिस ने उपसरपंच से कोरे पन्नों पर कराए हस्ताक्षर..आरोप

बताया जाता है कि 2 दिन पूर्व तिल्दा थाने में पदस्थ एक ASI ने ग्राम पंचायत के उप सरपंच मेघनाथ वर्मा को गाव के कोतवाल के घर बुलाकर 6-7 कोरे पन्नों मे हस्ताक्षर ले लिए। उसके बाद पुलिस ने एक ग्रामीण के विरुद्ध नामजद और अन्य लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज किया है। उधर जब इस बात की जानकारी ग्रामीणों को हुई तो बड़ी संख्या में ग्रामीण पुलिस थाना पहुंच गए और कार्रवाई का विरोध करते हुए भाजपा के एक नेता के विरुद्ध FIR दर्ज करने के लिए TI को ज्ञापन सौंपा।..

ग्रामीणों का आरोप है कि तिल्दा के एक भाजपा नेता जो अपने आप को मंत्री का खास बताता है .के द्वारा ग्राम पंचायत के सचिव और तत्कालीन सरपंच और पंचायत के कुछ पंचों को अपने ऑफिस बुलाकर पंचायत के रजिस्टर में कूट रचनाकर अनापत्ति प्रमाण पत्र जारी करवाया गया था। इसके लिए भाजपा नेता ने कंपनी के मालिक से लाखों में सौदा किया था, उसमें से कुछ लाख सरपंच और पंचों को देकर पंचायत के रजिस्टर में कूट रचना करवाई  गई थी। इस बात को पूर्व सरपंच ने भरी पंचायत में स्वीकार करते हुए बताया गया कि उसपर दबाव डालकर भाजपा के नेता ने अपने ऑफिस बुलाकर सचिन से रजिस्टर में दो लाइन जुड़वाई गई थी..।जबकि महिला सचिव आखिरी तक इसका विरोध करती रही। इतना ही नहीं भाजपा नेता ने सचिन को भी 2 लाख देने के लिए प्रस्ताव रखा था, लेकिन सचिन ने पैसे लेने से साफ इनकार कर दिया..। यह भी बात सामने आई है कि सचिव को भाजपा नेता के ऑफिस जाने के लिए छत्तीसगढ़ शासन के एक मंत्री का हवाला देकर मजबूर किया गया था।

ग्रामीणों का आरोप:भाजपा नेता के आफिस में पंचायत रजिस्टर में हुई कूटरचना

पूर्व सरपंच और जिन पंचों ने कंपनी के नाम अनापत्ति जारी की गई है उन पंचों ने एक एफिडेविट देकर ग्रामीणों को सारी बातें बताई है और भाजपा नेता जो की रायपुर जिला भाजपा ग्रामीण के महामंत्री पद पर आसीन है, के द्वारा दबाव बनाने का आरोप भी लगाया है..गांव वाले नेता के खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाते इसके पहले ही उक्त नेता ने पुलिस पर दबाव बनाकर बेगुनाह ग्रामीणों पर झूठे मामले दर्ज करने पुलिस को गांव भेज दिया। और पुलिस ने उप सरपंच से कोरे कागजों पर हस्ताक्षर ले लिए…ग्रामीणों के साथ थाने पहुंचे वकील,,, ने इस मामले को गंभीर बताते हुए कहा कि भाजपा नेता के द्वारा जिस प्रकार कूट रचना की गई है वह गंभीर अपराध है

 

आपको बता दे की जनसुनवाई के लिए एक दिन पहले गांव के बाहर मैदान पर एक पंडाल लगाया गया था,उसे पंडाल में शाम को किसी ने आग लगा दी,, अब आग लगाने ग्रामीणों को दोषी बताकर अपराध दर्ज किया जा रहे हैं। हालांकि डीएसपी वीरेंद्र चतुर्वेदी ने कहा कि पुलिस किसी भी निर्दोष पर झूठा मुकदमा दर्ज नहीं करेगी लेकिन यदि आग लगाने की बात सही पाई गई तो निश्चित रूप से आग लगाने वालों पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की है कि वे किसी के बहकावे या अफवाहों आकर गलत कार्य न करें । टी आई ने बताया कि पंडाल जलाए
जाने को लेकर आवेदन प्राप्त हुआ है पुलिस मामले की जांच कर रही है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments