Tuesday, February 24, 2026
Homeछत्तीसगढ़युवक ने प्राइवेट-पार्ट में पहनी अंगूठी...सूजन के बाद फंसी: झोलाछाप डॉक्टर की...

युवक ने प्राइवेट-पार्ट में पहनी अंगूठी…सूजन के बाद फंसी: झोलाछाप डॉक्टर की सलाह पर मरीज के किया नुस्खा, फिर जो हुआ वह शॉकिंग

नारायणपुर आज के इस हाई टेक तकनीकी जमाने में भी लोग गांवों में मौत की दुकान चला रहे झोला छाप डॉक्टरों के पास जाकर इलाज कराकर अपनी जान को जोखिम में डाल रहे हैं।इसका जीता जागता उदाहरण यह मामला है. जो धरती के भगवान कहे जाने वाले डॉक्टर के पास इलाज कराने गए एक युवक को डॉक्टर ने   इलाज के दौरान ऐसा नुस्खा बताया कि उसकी जान ही खतरे में पड़ गई।

दरअसल,यह अजीब मामला नारायण पुर अबूझमाड़ इलाके के जाटलूर इलाके का है। यहां के रहने वाला एक युवक बीमार था। इलाज के लिए वो एक झोला छाप डॉक्टर के पास पहुंचा .डाक्टर ने  उसका इलाज किया लेकिन उसे कोई आराम नहीं मिला। जब युवक की बीमारी ठीक नहीं हुई तो झोलाछाप डॉक्टर ने उसे बीमारी ठीक करने का एक अजीब नुस्खा बताया। झोलाछाप डॉक्टर ने युवक से कहा कि तुम अपने प्राइवेट पार्ट में लोहे की अंगूठी पहन लो, इससे जल्दी ठीक हो जाओगे। इसके साथ ही तुमको बॉथरूम करने पर जो जलन होती है उससे भी फायदा मिलेगा।

झोलाछाप डॉक्टर के कहने पर युवक ने बाजार से ही लोहे की अंगूठी खरीदी। घर में लाकर प्राइवेट पार्ट में पहन ली, लेकिन 5-6 दिनों के बाद प्राइवेट पार्ट में सूजन आ गई। दर्द बढ़ता गया। जब वो वापस उस डॉक्टर के पास गया तो उसने इलाज करने से मना कर दिया।

इसके बाद युवक परेशान हो गया। वह पहले ओरछा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गया। डॉक्टरों के पास उसके इलाज के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं थे। उसे जिला अस्पताल भेजा गया, लेकिन सड़क की खस्ता हालत की वजह से एम्बुलेंस नहीं पहुंच पाई। युवक किसी माध्यम से 8 सितंबर को जिला अस्पताल पहुंचा।

नारायणपुर जिला अस्पताल के मेडिकल ऑफिसर डॉक्टर हिमांशु सिन्हा ने बताया कि युवक हमारे पास आया था। उसकी स्थिति काफी खराब थी। अस्पताल में मेरे साथ डॉक्टर धनराज सिंह डरसेना और शुभम राय समेत अन्य टीम ने उसका इलाज किया।

डॉक्टर हिमांशु सिन्हा ने बताया कि जिला अस्पताल में युवक का इलाज किया गया। किसी तरह से लोहे की अंगूठी को प्राइवेट पार्ट से निकाला गया। प्राइवेट पार्ट में बहुत ज्यादा सूजन थी, इन्फेक्शन फैल रहा था। हालांकि हमारी टीम ने समय रहते अंगूठी को निकाल दिया।अगर और ज्यादा देर होती को जिंदगी बचाने के लिए प्राइवेट पार्ट को काटना पड़ता।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments