गरियाबंद-छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले से एक सनसनी खेज मामला सामने आया है .यह दो महिलाओ ने मिलकर एक महिला को तडपा-तडपा कर बेरहमी के साथ मौत के घाट उतर दिया . दोनों महिलाए उनके घर पहुंची उसके हाथ पैर बांधे और फिर उसके प्राइवेट पार्ट में लाल मिर्च पावडर डाला इस बीच महिला दर्द व जलन से छटपटा कराहती रही ,जब वह भागने की कोशिश करने लगी तो दोनों उसके सीने पर चढ़ गए और लाठी, लात-घूसों से उसे इतना मारा की उसकी जान चली गई। मामला मैनपुर ब्लॉक के शोभा थाना क्षेत्र का है। तीनों महिलाएं साथ में मजदूरी करती थी। आरोप है कि मृतिका सुमित्रा दोनों महिलाओं का नाम गैर मर्द से जोड़कर गांव में किस्से फैलाती थी। इसी गुस्से में सुमित्रा की हत्या कर दी।
बता दे की सुमित्रा नेताम 37 साल ओडिशा की रहने वाली थी। पति के छोड़ने के बाद वह दूसरे शख्स के साथ ग्राम गरीबा के बाहर झोपड़ी में 2 साल से रह रही थी। वह मजदूरी करने अपना भरण-पोषण करती थी। सुमित्रा साथ आरोपी सुगतिन नेताम और ईतवारिन बाई भी मजूदरी करती हैं। आरोप है कि सुमित्रा ने सुगतिन और ईतवारिन का नाम दूसरे मर्दों से जोड़ते हुए गांव में अपमानजनक बातें फैला रही थी। जिसके कारण दोनों के घर में रोज विवाद होता था। पति भी उनपर शक करने लगे थे। दोनों ने इस बात से चिढ़कर उसे मारने की प्लानिंग कर डाली।
2 जनवरी की दोपहर दोनों सुमित्रा के झोपड़ी पर पहुंचे। जहां तीनों में जमकर विवाद हुआ। फिर गुस्से में आकर आरोपियों ने सुमित्रा के पैर-हाथ बांधे। इसके बाद प्राइवेट पार्ट पर मिर्ची पाउडर डाला दिया।
इस दौरान वह खुद को बचाने के लिए चीखती-चिल्लाती रही। लेकिन झोपड़ी आबादी वाले जगह से काफी दूर था। बाद में आरोपियों ने सुमित्रा के छाती पर चढ़कर डंडों और लात-घूंसों से जमकर पीटा। जिससे उसकी तड़प-तड़पकर मौत हो गई। वारदात के बाद झोपड़ी में आग लगाकर दोनों भाग निकली। घटना वाली शाम ग्रामीणों को हत्या की जानकारी मिली। पहले तो ग्रामीणों ने बैठकर मामले को दबाने की कोशिश की। लेकिन कुछ ग्रामीणों के विरोध के बाद 3 जनवरी को मामले की जानकारी पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव का पंचनामा कर पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भिजवाया।
पोस्टमार्टम के बाद शॉर्ट रिपोर्ट में हृदय गति रुकने से मौत की बात सामने आई है। डॉक्टरों के मुताबिक सीने में चढ़ कर पीटने के चलते हार्ट में दबाव बढ़ गया था। वहीं, एडिशनल एसपी धीरेन्द्र पटेल ने बताया कि शराब के नशे में सुमित्रा टिप्पणी करती थी। मामले की गंभीरता को देखते ही पुलिस ने जांच तेज की और सुगतिन और ईतवारिन को हिरासत में लिया। पूछताछ में दोनों महिलाओं ने जुर्म स्वीकार किया और बताया कि वह उनके कैरेक्टर के बारे में गांव-गांव घूम-घूमकर अपमानजनक बातें फैला रही थी, इसलिए उसे मारा।फिलहाल, पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही हत्या में इस्तेमाल डंडों सहित अन्य सबूत भी जुटाए जा रहे हैं।

