रायपुर: छत्तीसगढ़ दौरे पर पहुंचे केन्दीय गृहमंत्री अमित शाह ने राहुल गांधी को जवाब दे दिया है। जनगणना को लेकर पूछे गए सवाल पर अमित शाह ने ऐसा जवाब दिया है जिसके बाद एक बार फिर से सियासत तेज हो सकती है। केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार को रायपुर में छत्तीसगढ़ एवं पड़ोसी राज्यों के मुख्य सचिवों और पुलिस महानिदेशकों के साथ वामपंथी उग्रवाद पर समीक्षा बैठक और अंतर्राज्यीय समन्वय बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान शाह ने नक्सलवाद के खात्मे को लेकर रणनीति पर चर्चा की। वहीं, मीडिया से चर्चा करते हुए साय से ऐसा सवाल पूछा गया जिसका जवाब अमित शाह ने दिया।
अमित शाह से जनगणना को लेकर सवाल किया गया। इस सवाल के जवाब में अमित शाह ने कहा- “उचित समय पर करेंगे, जब तय करेंगे तब मैं घोषणा करूंगा कि कब होगा कैसे होगा।” बता दें कि लंबे समय से देश में जनगणना की मांग की जा रही है।
राहुल गांधी उठा रहे हैं जातिगत जनगणना का मुद्दा
बता दें कि पूर्व कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी लंबे समय से जातिगत जनगणना का मुद्दा उठा रहे हैं। कई राज्यों के चुनावी घोषणा पत्र में भी कांग्रेस जातिगत जनगणना की बात कह चुकी है। वहीं, लोकसभा चुनाव के दौरान भी राहुल गांधी ने जातिगत जनगणना का मुद्दा उठाया था। ऐसे में अमित शाह का यह जवाब एक बार फिर से जनगणना के मुद्दे का हवा दे सकता है।
नक्सलवाद के खिलाफ बनी रणनीति
केन्द्रीय गृह मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार ने वामपंथी उग्रवाद के खिलाफ विकास, प्रॉसीक्यूशन और ऑपरेशन के तीनों मोर्चों पर एक संपूर्ण रणनीति के साथ लड़ाई लड़ी है जिसके परिणामस्वरूप ये समस्या अब काफी हद तक सिमट गई है। उन्होंने कहा कि अब ये समस्या छत्तीसगढ़ के गिने चुने क्षेत्रों तक सीमित रह गई है। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा उठाए गए कदमों के कारण पिछले 7 महीनों में राज्य सरकार ने इससे पहले अब तक की इसी अवधि में बहुत बेहतर काम किया है। उन्होंने कहा कि इन 7 महीनों में सबसे ज़्यादा नक्सली मारे गए हैं, सबसे अधिक नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है और गिरफ्तार किए गए हैं।
अमित शाह ने छत्तीसगढ़ शासन को बधाई कि उन्होंने कहा कि राज्य में नई सरकार बनने के बाद वामपंथी उग्रवाद के खिलाफ अभियान अच्छे ढंग से आगे बढ़ रहा है। बता दें कि छत्तीसगढ़ में नक्सल विरोधी अभियान में तेजी आई है।

