बेमेतरा-छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव का उड़न खटोला (मंगलवार) को बेमेतरा जिले सहसपुर गांव में उतरा यहां उन्होंने ने बरगद के नीच चौपाल लगाकर लोगों की समस्याएं सुनी।।इसके बाद यहां स्थित प्रसिद्ध शिव मंदिर के दर्शन किए। सीएम ने मंदिर को को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का ऐलान किया है। बता दें कि मंदिर 13वीं- 14वीं शताब्दी में कवर्धा के फणीवंशीय राजाओं ने बनवाया था।
सुशासन तिहार के तीसरे चरण के दुसरे दिन बेमेतरा जिले सहसपुर पहुंचे मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने ग्रामीणों की मांग को तत्काल पूरा करते हुए गाव में हायर सेकेंडरी स्कूल के लिए नए भवन की स्वीकृति..33 KV विद्युत सब स्टेशन बनाने का ऐलान.करने के साथ .13 वीं-14 वीं शताब्दी के शिव और हनुमान मंदिर परिसर का सौंदर्यीकरण करे जाने की घोषणा की ।
मुख्यमंत्री ने बैठक में कहा कि राज्य सरकार पारदर्शिता के साथ प्रदेश में सुशासन स्थापित करने का काम कर रही है। इसी कड़ी में राज्य में सुशासन तिहार मनाया जा रहा है। सुशासन तिहार के दो चरण पूर्ण होने के बाद तीसरे चरण की शुरुआत सोमवार से हुई थी।उन्होंने कहा कि पिछले डेढ़ साल में अच्छे काम हुए हैं, लेकिन इनकी गति और गुणवत्ता और बढ़ाने की जरूरत है। कलेक्टर, एसपी और अच्छा काम करें। अधिकारी ज्यादा से ज्यादा ग्रामीण इलाकों का दौरा करें।
CM ने संस्थागत प्रसव, सिकलसेल स्क्रीनिंग और जल जीवन मिशन के तहत पेयजल आपूर्ति की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने निर्देश दिए कि स्टूडेंट्स को आय, जाति एवं निवास प्रमाणपत्र सत्र शुरू होते ही वितरित किए जाएं।मुख्य चिकित्सा और स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनसामान्य को जेनेरिक दवाइयों के उपयोग के लिए जागरूक किया जाए और चिकित्सकों को मरीजों के लिए जेनेरिक दवाएं लिखने के लिए प्रेरित किया जाए, जिससे जनऔषधि केन्द्रों से रियायती दर पर दवाएं मिल सके..। CM साय ने प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत स्वीकृत 47 हजार आवासों की धीमी प्रगति पर भी मुख्यमंत्री ने चिंता जताई। अधिकारियों ने राजमिस्त्री और सेंटरिंग टीमों की कमी को प्रमुख कारण बताया गया।
मुख्यमंत्री ने ग्रामीण युवाओं को मिस्त्री का प्रशिक्षण देकर इस समस्या का समाधान निकालने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने स्पष्ट किया कि योजना तहत निशुल्क रेत आपूर्ति की व्यवस्था पहले से की गई है, जिसमें हितग्राहियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।क दिन पहले सोमवार को उन्होंने इसी तरह सक्ती, जांजगीर और कोरबा जिले का दौरा किया था। जांजगीर जिले की समीक्षा बैठक में वो नाराज भी हुए। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जांजगीर-चापा जिले में सड़क निर्माण के स्वीकृति प्रस्ताव पर देरी को लेकर नाराजगी जताई थी।

