छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने सोशल मीडिया पर एक ऑडियो जारी किया है। इस ऑडियो में एक कारोबारी और स्टेट GST अफसर की बातचीत है। कारोबारी प्रदेश के मंत्रियों का नाम लेकर स्टेट जीएसटी अधिकारी को धमका रहा है। मामला फर्म की जांच से जुड़ा हुआ है।
कारोबारी मंत्रियों से पहुंच की धौंस बता रहा है। इस बातचीत का ऑडियो वायरल है। मामले में कांग्रेस ने ऑडियो सोशल मीडिया पर अपलोड कर लिखा- सुनिए मुख्यमंत्री और वित्तमंत्री के करीबी लोग किस कदर अहंकार के नशे में चूर हैं। सत्ता के मद में चूर व्यापारी ने अपना कर्तव्य निभा रही महिला GST अधिकारी को झूठे मामले में फंसाने तक की दे डाली धमकी। इसीलिए तो हम पूछ रहे हैं की ‘सरकार कौन चला रहा है?’

क्या है ऑडियो में
कांग्रेस की पोस्ट में दावा किया गया है कि किसी योगेश नाम का कारोबारी रेनू नाम की महिला GST अफसर को धमकी दे रहा है। कारोबारी यह कहते सुनाई दे रहा है कि महिला अफसर ने उससे पैसे मांगे, वह मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, वित्त मंत्री ओपी चौधरी को जानता है।
महिला जीएसटी अफसर पर कार्रवाई करवाने की धमकी दे रहा है। धौंस सुनने के बाद महिला अफसर उसे सॉरी कहती भी सुनाई दे रही है।
- कारोबारी- ऊपर कंप्लेंट कर दूंगा ओपी चौधरी से पूछ लेना, फोन करूं क्या ?
- महिला अफसर- सॉरी..आप नाराज मत होइए।
- कारोबारी- हां सॉरी कहना पड़ेगा, मेरी फर्म में परमिशन लेकर आई हैं क्या? कमिश्नर से मेरी बात करवाइए।
- महिला अफसर- उन्होंने ही मुझे भेजा है।
- कारोबारी- लेटर दिखाइए आप कि विजिट करने की बात कह रही हैं ? कानून आपसे अधिक पता है मुझे, एसीबी को बुलवाकर कार्रवाई करवा दूंगा?
- महिला अफसर- बहुत से फॉर्म वालों ने जानकारी गलत दी है। इसलिए चेक कर रहे है। मैं अपनी अथॉरिटी का लेटर भी आपको दिखा दूंगी।
- कारोबारी- सरकार हमने बनाई है कैसे बोल दिया आपने कि फर्म चालू नहीं है, जब मैं आपको हिंट दिया कि सरकार हमने बनाई है, आपको समझना चाहिए, मैं कह दूंगा कि सोनकर मैडम 1 लाख की डिमांड कर रही है।
- महिला अफसर- मैंने तो ऐसा कुछ नहीं कहा।
- कारोबारी- तो फिर आपने कैसे कह दिया कि फर्म चालू नहीं है।
- महिला अफसर- ठीक है नाराज मत होइए मैं बस जगह देखकर फोटो खींचना चाहती हूं।

इस मामले में स्टेट GST कमिश्नर पुष्पेंद्र मीणा ने बताया कि मामला हमारी जानकारी में है, हम इसमें जांच कर रहे हैं। ऑडियो में महिला अधिकारी ने कोई पैसे नहीं मांगे हैं, कारोबारी ने गलत तरीके से बात की है। हम जांच कर रहे हैं। FIR भी करवा रहे हैं, क्योंकि सरकारी काम में बाधा डाली गई है। हम एक्शन लेंगे।

