छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में नक्सल विरोधी अभियान को बड़ी सफलता मिली। यहां दो हार्डकोर नक्सलियों ने सुरक्षाबलों के सामने सरेंडर कर दिया।
सुकमाः छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा जिले में सुरक्षाबलों और नक्सल विरोधी अभियान को बड़ी सफलता मिली है। एक इनामी नक्सली समेत दो नक्सलियों ने सुरक्षाबलों के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि जिले में सक्रिय दो नक्सलियों कुहराम बंडी (40) और माड़वी कोसा ने सुरक्षाबलों के सामने सरेंडर किया।
सरकार ने रखा था इनाम
पुलिस ने बताया कि दोनों नक्सली पिछले कई सालों से नक्सली संगठन में एक्टिव थे। साथ ही कई घटनाओं में शामिल रहे हैं। इसमें सबसे फेमस टेकलगुड़ा हमला शामलि है। ये पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी बटालियन के सदस्य थे। अधिकारियों ने बताया कि नक्सली बंडी को पकड़ने पर एक लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
सरकार की इस योजना से हुए प्रभावित
अधिकारियों ने बताया कि राज्य सरकार की ‘नियद नेल्ला नार’ (आपका अच्छा गांव) योजना से प्रभावित होकर आत्मसमर्पण किया। इसके साथ ही इनके सरेंडर की एक और वजह है। ये नक्सली अन्य नक्सलियों के अमानवीय, आधारहीन विचारधारा तथा उनके शोषण से तंग आकर आत्मसमर्पण करने का फैसला किया।
अधिकारियों ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले दोनों नक्सलियों को राज्य सरकार की पुनर्वास नीति के तहत सहायता राशि और अन्य सुविधाएं प्रदान की जाएगी। ताकि वे मुख्यधारा में लौटकर अपना नया जीवन शुरू कर सकें।

