छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार आगजनी मामले में भिलाई एमएलए देवेंद्र यादव के अरेस्ट होने का विरोध हो रहा है। उनके विरोध प्रदर्शन में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी शामिल हुए। प्रदर्शन में जाने के दौरान उनके साथ सुरक्षा में चूक का मामला सामने आया है। दरअसल, भूपेश बघेल आज अपने भिलाई तीन निवास से निकलकर दुर्ग की ओर आ रहे थे। इसी बीच बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने उनके काफीले को रोककर जबरदस्त नारेबाजी की। जिसके बाद भूपेश बघेल बहुत देर तक जाम में फंसे रहे।
भूपेश बघेल ने कहा कि जैसे ही वे गाड़ी से उतरकर सिरसा गेट चौक पहुंचे तो अचानक कुछ लोग सड़क पर आए। उन्होंने मेरा मार्ग रोक दिया। गाड़ी रोकने के बाद नारेबाजी भी की गई। वहीं, मेरी जो सुरक्षा में जो कर्मचारी तैनात है। उन अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ धक्का मुक्की भी की गई। दो बार मुझे भी गाड़ी से उतरना पड़ा और बदतमीजी भी की गई।
मुझे रोकने का प्रयास किया गया
पूर्व सीएम ने सुरक्षा में सेंध लगाने का आरोप लगाते हुए कहा कि जिस प्रकार से छत्तीसगढ़ शासन ने मुझे सुरक्षा दी है। उसमें भारी सेंध लगाई गई। मुझे टारगेट किया गया है ताकि मैं यहां ना आ सकूं। सरकार इतनी डरी सहमी हुई है कि अब इस प्रकार से अपने कार्यकर्ताओं के द्वारा विपक्ष के नेताओं को टारगेट किया जा रहा है।
पहले से दी जाती है जाम की जानकारी
सीएम ने कहा कि ऐसा पहली बार हुआ है। जबकि चक्का जाम की सूचना पहले से दी जाती है। यदि चक्का जाम की स्थिति थी, तो हमें पहले से बता दिया जाता है। हम दूसरे मार्ग से आते हैं। लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ। हम जैसे ही गाड़ी का सायरन बज सभी लोग आ गए। एक प्रकार से उन्होंने बदतमीजी भी की और मेरे सुरक्षा अधिकारियों के साथ धक्का मुक्की की। बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद के लोग निरंकुश हो चुके हैं। वहीं, छत्तीसगढ़ की सरकार और प्रशासन मौन होकर देख रही है।

