उत्तर प्रदेश के बड़ौत में मलकपुर गांव के अमन की हत्या किसी और ने नहीं बल्कि उसके ही मामा ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर की थी। झूठी शान की खातिर भांजे की हत्या के लिए मामा ने 18 साल लंबा इंतजार किया और आखिरकार व अपने खौफनाक मंसूबों में कामयाब भी हो गया।
बड़ौत के मलकपुर गांव का अमन भी झूठी शान के भेंट चढ गया। उसके ही मामा ने अमन को मारने के लिए 18 साल तक लंबा इंतजार किया और जैसे ही उसे मौका मिला, उसने अपने दोस्तों के साथ मिलकर अपने भांजे को अपने ही हाथों मौत के घाट उतार दिया, क्योंकि आरोपी अमित के सिर पर झूठी शान का बोझ था।
दरअसल, वर्ष 2004 में मृतक अमन का पिता निरमेश परिवार की मर्जी के खिलाफ अमित की बहन को अपने साथ मलकपुर ले आया था और दोनों ने शादी कर ली थी, तभी से अमित के सिर पर खून सवार था।
हत्यारोपी अमित व मृतक अमन का पिता निरमेश काफी अच्छे दोस्त थे। दोनों का एक-दूसरे के घर पर आना-जाना था। इस दौरान निरमेश को अमित की बहन से प्रेम प्रसंग हो गया और अमित की बहन भी निरमेश को पंसद करने लगी थी।