बरबसपुर-मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध अमृत धारा जलप्रपात में मंगलवार की शाम एक दर्दनाक हादसा हो गया .. पिकनिक मनाने आए SECL सदेव क्षेत्र के अंडरग्राउंड माइंस के 3 अधिकारी नहाने के दौरान जलप्रपात के गहरे पानी में चले गए …इनमे से 2 की डूबने से मौत हो गई…। जबकि एक कर्मचारी किसी तरह बाहर निकल आया।

घटना पोड़ी थाना इलाके के नागपुर चौकी क्षेत्र की है। मृतकों की पहचान शुभम मलार निवासी शहडोल और पृथ्वी सेटी निवासी तेलंगाना के रूप में हुई है। दोनों SECL के अंडर मैनेजर के पद पर पदस्थ थे। पुलिस ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए मनेंद्रगढ़ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में रखवाया है ।
बताया जाता है SECL हसदेव क्षेत्र की हल्दीबाड़ी भूमिगत कोयला खदान में कार्यरत कर्मचारी सहित कुल 8 लोग अमृतधारा जलप्रपात में पिकनिक मनाने आए थे। इसी बीच शाम करीब 4 बजे शहडोल निवासी शुभम मलार 34 वर्ष तेलंगाना निवासी पृथ्वी सेट्टी 35 वर्ष जलप्रपात के नीचे नहाने उतरे। नहाने के दौरान दोनों अचानक गहरे पानी में चले जाने से डूब गए।इसकी सूचना पुलिस चौकी नागपुर को दी गई। साथ ही SECL की रेस्क्यू टीम भी मौके पर पहुंच गई । पुलिस और की SECL रेस्क्यू टीम की मदद से अंधेरा होने से पहले पानी में डूबे युवकों के शव को बाहर निकाला गया।
बता दें कि, अमृतधारा जल प्रपात में नीचे जाकर नहाना प्रतिबंधित है। प्रशासन ने हादसों के कारण अमृतधारा जल प्रपात के कुछ इलाकों को प्रतिबंधित घोषित कर दिया है। यहां सावधानी के बोर्ड भी लगाए गए हैं लेकिन नियमित निगरानी नहीं की जाती है। ऐसे में यहां आने वाले लोग मनमाने तरीके से पानी में उतरकर नहाते हैं